जयपुर के सीतापुरा इलाके में ‘इंडिया स्टोन मार्ट’ के रूप में पत्थर कारीगरी का भव्य आयोजन चल रहा है। यह मेला करीब 24,741 वर्गमीटर क्षेत्र में फैला हुआ है और यहां संगमरमर, ग्रेनाइट और सैंडस्टोन जैसी विभिन्न पत्थर किस्मों की शानदार प्रदर्शनी देखने को मिल रही है। हर पत्थर अपनी अनोखी बनावट और कला के जरिए अलग पहचान पेश कर रहा है।
Also Read: यूपी में बारिश, आंधी और बिजली गिरने से 18 की मौत, 5 घायल; CM ने मुआवजे के दिए निर्देश
वैश्विक पत्थर उद्योग का बड़ा मंच
इस आयोजन को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने के लिए पहली बार 26 भाषाओं में एक विशेष वेबसाइट भी तैयार की गई है। इससे राजस्थान के पत्थर उद्योग को वैश्विक मंच पर पहुंच मिल रही है। तुर्की, ईरान और इटली जैसे देशों ने भी अपने अलग पवेलियन लगाए हैं, जिससे यह मेला और अधिक अंतरराष्ट्रीय स्वरूप ले रहा है। इस बार स्टोन मार्ट केवल व्यापार का मंच नहीं रहा, बल्कि यह एक सांस्कृतिक और आध्यात्मिक संगम भी बन गया है। बीएपीएस स्वामीनारायण संस्थान ने एक विशेष पवेलियन तैयार किया है, जिसमें दिल्ली के स्वामीनारायण मंदिर की झलक के साथ अमेरिका, अबु धाबी और इंग्लैंड स्थित मंदिरों की सुंदर झांकियां भी प्रदर्शित की गई हैं, जो दर्शकों को आकर्षित कर रही हैं।
‘वन डिस्ट्रिक्ट–वन प्रोडक्ट’ थीम के तहत राजस्थान के हर जिले के विशिष्ट पत्थरों और स्थानीय कारीगरी को प्रदर्शित किया गया है। यहां 50 हजार से अधिक किस्मों के पत्थर जैसे मार्बल, ग्रेनाइट, सैंडस्टोन, कोटा स्टोन और लाइमस्टोन की चमक देखने को मिल रही है। इस आयोजन से व्यापारिक स्तर पर भी बड़ी वृद्धि की उम्मीद है, जहां इस साल लगभग 5 हजार करोड़ रुपये के कारोबार का अनुमान लगाया जा रहा है।
Also Read: 5 मैच शांत, फिर रोहित का धमाका MI उनके बिना अधूरी


More Stories
2 तोला सोना, सालभर का राशन और बुलेट तक, iPhone Duo की कीमत में क्या-क्या खरीद सकते हैं
80s AI Photo Trend: 9 ChatGPT Prompts to Give Your Photos a Classic Retro Makeover
Gadkari Slams Mumbai-Goa Highway Delays, Says He Will Skip Inauguration