भारत ए ने मंगलवार को ग्रुप ए के अंतिम मुकाबले में नेपाल को सात विकेट से हराकर महिला एशिया कप राइजिंग स्टार्स 2026 के सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली। इस मुकाबले में भारतीय टीम के स्पिन आक्रमण ने खास प्रभाव छोड़ा और जीत की नींव मजबूत की। यह जीत टीम के लिए कई मायनों में महत्वपूर्ण रही, क्योंकि इससे न केवल दो अहम अंक मिले, बल्कि अंक तालिका में स्थिति भी मजबूत हुई। मैच के दौरान भारत ने हर विभाग में संतुलित प्रदर्शन किया और खासतौर पर स्पिन गेंदबाजों ने विपक्षी टीम को वापसी का कोई मौका नहीं दिया। अब भारत का सामना यूएई और पाकिस्तान ए के बीच होने वाले मैच के विजेता से होगा। इसलिए सेमीफाइनल का मुकाबला बेहद रोमांचक और प्रतिस्पर्धी होने की संभावना है।
थाईलैंड के बैंकॉक स्थित टेर्डथाई क्रिकेट ग्राउंड में खेले गए इस मैच में भारतीय टीम ने शुरुआत से ही नियंत्रण बनाए रखा। सबसे पहले गेंदबाजों ने सटीक लाइन और लेंथ के साथ दबाव बनाया। तनुजा कवर ने शानदार स्पेल डालते हुए 12 रन देकर चार विकेट झटके और मध्यक्रम को पूरी तरह तोड़ दिया। वहीं, मिनू मोणे ने भी किफायती गेंदबाजी करते हुए केवल आठ रन देकर तीन विकेट लिए। इसके अलावा राधा यादव ने 17 रन देकर दो महत्वपूर्ण विकेट हासिल किए। इस तरह भारतीय स्पिन आक्रमण ने नेपाल की बल्लेबाजी को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया और मैच की दिशा जल्दी तय कर दी।
स्पिन अटैक का दबदबा, नेपाल 78 पर सिमटा
नेपाल की टीम ने सावधानीपूर्वक शुरुआत की और शुरुआती ओवरों में विकेट बचाने की कोशिश की। सलामी बल्लेबाज बिंदू रावल ने 11 रन बनाकर संयम दिखाया, जबकि समजना खड़का ने 28 रन की उपयोगी पारी खेली। दोनों बल्लेबाजों ने कुछ अच्छे शॉट लगाए और साझेदारी बनाने की कोशिश की। हालांकि, जैसे ही भारतीय स्पिनरों ने रफ्तार पकड़ी, रन बनाना कठिन हो गया। दबाव बढ़ने के साथ ही विकेट गिरने लगे और पूरी टीम 18 ओवर में 78 रन पर सिमट गई।
साथ ही भारतीय खिलाड़ियों ने फील्डिंग में भी शानदार तालमेल दिखाया। मैदान पर उनकी फुर्ती और सजगता साफ नजर आई। कैचिंग में कोई चूक नहीं हुई और सिंगल रन भी सीमित रखे गए। इसलिए नेपाल की टीम लंबी साझेदारी बनाने में सफल नहीं हो सकी। गेंदबाजों और फील्डरों के सामंजस्य ने मुकाबले को पूरी तरह एकतरफा बना दिया और भारत को स्पष्ट बढ़त दिलाई।
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तेज बल्लेबाजी से लक्ष्य हासिल
इसके बाद 79 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए भारत ने आत्मविश्वास से भरी शुरुआत की। बल्लेबाजों ने सकारात्मक मानसिकता के साथ खेल दिखाया और शुरुआत से ही रन गति बनाए रखी। दिनेश वृंदा ने आक्रामक अंदाज में बल्लेबाजी करते हुए 18 गेंदों पर नाबाद 39 रन बनाए। उनकी पारी में नौ चौके शामिल थे, जिसने मैच को तेजी से भारत के पक्ष में झुका दिया। परिणामस्वरूप लक्ष्य कभी भी चुनौतीपूर्ण नहीं लगा।
अन्य बल्लेबाजों ने भी संयम और समझदारी के साथ खेलते हुए टीम को स्थिरता दी। भारत ने केवल 7.5 ओवर में तीन विकेट पर 82 रन बनाकर जीत दर्ज कर ली। इस तेज जीत से टीम का नेट रन रेट भी बेहतर हुआ। हालांकि पहले मैच में भारत को यूएई से हार का सामना करना पड़ा था, लेकिन उसके बाद पाकिस्तान ए और नेपाल के खिलाफ लगातार जीत ने टीम का आत्मविश्वास बढ़ा दिया। अब चार अंकों और +3.042 के नेट रन रेट के साथ भारत ग्रुप ए में शीर्ष स्थान पर है।
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