ODI विश्व कप 2027 में खेलने वाली टीमों के चयन का समय अब तेजी से करीब आ रहा है। खासतौर पर नामीबिया की किस्मत का फैसला इन मुकाबलों पर निर्भर करेगा। ये निर्णय टूर्नामेंट के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है। क्रिकेट फैंस की नजरें अब क्वालीफायर राउंड पर टिक गई हैं। आने वाले दिनों में तस्वीर काफी हद तक साफ हो जाएगी।
वनडे विश्व कप 2027 भले ही अगले साल आयोजित होना है, लेकिन इसकी तैयारियां अभी से जोर पकड़ चुकी हैं। टीमों के चयन की प्रक्रिया जारी है और क्वालीफायर मुकाबलों का अगला चरण शुरू होने वाला है। यही मुकाबले तय करेंगे कि किन टीमों को जगह मिलेगी। इस वजह से हर मैच का महत्व बढ़ गया है।
इस बार विश्व कप की मेजबानी साउथ अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया कर रहे हैं। साउथ अफ्रीका और जिम्बाब्वे ने मेजबान होने के कारण पहले ही अपनी जगह पक्की कर ली है। लेकिन नामीबिया को अभी क्वालीफायर का सफर तय करना होगा। एसोसिएट सदस्य होने की वजह से उसे सीधे एंट्री नहीं मिली है।
Also Read: RCB ₹16.71 हजार करोड़ में सबसे महंगी, राजस्थान ₹15 हजार करोड़ में बिकी
नामीबिया की किस्मत दांव पर, 2 अप्रैल से शुरू होंगे निर्णायक ODI क्वालीफायर मुकाबले
ODI विश्व कप 2027 में खेलने वाली टीमों के चयन का समय अब तेजी से करीब आ रहा है। खासतौर पर नामीबिया की किस्मत का फैसलाविश्व कप 2027 के लिए क्वालीफायर मुकाबलों की शुरुआत पहले ही हो चुकी थी और अब इसका अगला चरण 2 अप्रैल से शुरू होगा। इस दिन स्कॉटलैंड और ओमान के बीच मुकाबला खेला जाएगा। ये मैच लीग-2 के तहत खेले जाएंगे, जिसमें कई टीमें भाग ले रही हैं।
4 अप्रैल को नामीबिया और ओमान के बीच अहम मुकाबला होगा, जो काफी निर्णायक साबित हो सकता है। इसके बाद 6 अप्रैल को नामीबिया का सामना स्कॉटलैंड से होगा। इन मैचों में नामीबिया के प्रदर्शन पर सभी की नजरें रहेंगी। टीम के लिए हर मुकाबला ‘करो या मरो’ जैसा होगा।
ये सभी मुकाबले 12 अप्रैल तक खेले जाएंगे और इसी दिन नामीबिया फिर से स्कॉटलैंड के खिलाफ मैदान में उतरेगी। इस पूरे शेड्यूल में नामीबिया को खुद को साबित करने का मौका मिलेगा। अगर टीम अच्छा प्रदर्शन करती है तो आगे की राह आसान हो सकती है।
फिलहाल अंक तालिका में नामीबिया की स्थिति कमजोर नजर आ रही है और टीम छठे स्थान पर बनी हुई है। ऐसे में उसके लिए क्वालीफाई करना आसान नहीं होगा। वहीं यूएसए पहले स्थान पर और स्कॉटलैंड दूसरे नंबर पर काबिज है। अब देखना दिलचस्प होगा कि नामीबिया इस चुनौती से कैसे निपटती है।


More Stories
Trump: Gulf Leaders’ Input Weighed Heavily in Holding Off New Iran Strikes
Why Spain’s Tiny Enclave of Ceuta Is at the Heart of Europe’s Migration Crisis
NRI क्यों बेच रहे हैं भारत की प्रॉपर्टी? 46% ने तुरंत बिक्री की जताई इच्छा