मुंबई-इंदौर नई रेल लाइन केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि प्रोजेक्ट की कुल लागत 18,036 करोड़ रुपये आंकी गई है। इसके तहत 30 नए स्टेशनों का निर्माण किया जाएगा. इससे 1,000 गांव जुड़ेंगे। महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई से मध्य प्रदेश के इंदौर के बीच एक नई रेल लाइन बिछाई जाएगी। केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि 2 सितंबर, सोमवार को आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति ने मुंबई और इंदौर, दोनों प्रमुख व्यावसायिक केंद्रों के बीच 309 किलोमीटर की नई लाइन परियोजना को मंजूरी दे दी है, जो सबसे छोटी रेल कनेक्टिविटी प्रदान करेगी।
Also Read: सेंसेक्स: बाजार में भारी गिरावट, 550 अंक लुढ़का; निफ्टी 25,000 के पास
मुंबई -इंदौर दो प्रमुख कमर्शियल सेंटर के बीच सबसे छोटी रेल
केंद्रीय मंत्री ने बताया कि 18,036 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाली मुंबई-इंदौर नई रेल लाइन परियोजना 2028-29 तक पूरी होगी और इससे निर्माण के दौरान प्रत्यक्ष रोजगार पैदा होगा। यह लाइन इंदौर-मनमाड के बीच सीधा संपर्क प्रदान करेगी, जिससे भारतीय रेलवे की दक्षता और सेवा विश्वसनीयता बढ़ेगी। मंत्रालय ने कहा कि यह परियोजना पीएम मोदी के ‘आत्मनिर्भर भारत’ के दृष्टिकोण के अनुरूप है और क्षेत्र के व्यापक विकास में मदद करेगी।
Also Read : पहलवान विनेश फोगाट और बजरंग पूनिया ने की राहुल गांधी से मुलाकात
भारतीय रेलवे के मौजूदा नेटवर्क को लगभग 309 किमी तक बढ़ाएगी
यह परियोजना पीएम-गति शक्ति राष्ट्रीय मास्टर प्लान के तहत मल्टी-मॉडल कनेक्टिविटी का हिस्सा है, जो लोगों के लिए रोजगार और स्वरोजगार के अवसर बढ़ाएगी। महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश के छह जिलों को कवर करने वाली यह 309 किमी लंबी नई रेल लाइन, भारतीय रेलवे के नेटवर्क को बढ़ाएगी और पश्चिमी व मध्य भारत के बीच एक छोटा रूट प्रदान कर पर्यटन को भी बढ़ावा देगी।
इस परियोजना से श्री महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर सहित उज्जैन-इंदौर क्षेत्र के धार्मिक और पर्यटन स्थलों पर पर्यटकों की संख्या बढ़ेगी। यह मध्य प्रदेश के बाजरा उत्पादक और महाराष्ट्र के प्याज उत्पादक जिलों को भी सीधी कनेक्टिविटी देगा। 30 नए स्टेशनों का निर्माण होगा, जिससे बड़वानी जिले और आसपास के 1,000 गांवों की लगभग 30 लाख आबादी को बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी।
Also Read : अरब सागर में हेलीकॉप्टर की आपातकालीन लैंडिंग के बाद भारतीय तटरक्षक बल के 2 पायलट लापता


More Stories
Two Lok Sabha MPs Refuse Salary: Meet the Lawmakers Who Decline Pay
IT कंपनियों पर बढ़ सकते हैं साइबर हमले NASSCOM ने सुरक्षा बढ़ाने की दी सलाह
US-Iran conflict impact: Market turmoil and protests in Parliament