ओडिशा के कंधमाल जिले में सुरक्षा बलों ने नक्सल विरोधी अभियान के दौरान छह माओवादियों को मार गिराया।यह मुठभेड़ चकापाद थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले घने और दुर्गम जंगलों में हुई, जहां नक्सली सक्रिय थे।
सुरक्षा बलों को इस कार्रवाई में बड़ी सफलता मिली, क्योंकि मारे गए नक्सलियों में शीर्ष नेता शामिल था।मुठभेड़ में सीपीआई (माओवादी) का केंद्रीय समिति सदस्य गणेश उइके भी मारा गया।
₹1.1 करोड़ के इनामी गणेश उइके पर लंबे समय से सुरक्षा एजेंसियों की नजर
गणेश उइके पर प्रशासन ने 1.1 करोड़ रुपये का इनाम घोषित कर रखा था।वह लंबे समय से सुरक्षा एजेंसियों की सूची में सबसे वांछित नक्सली नेताओं में शामिल था।
वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि अभियान के दौरान सुरक्षा बलों ने सटीक खुफिया सूचना पर कार्रवाई की।सूत्रों के अनुसार, नक्सलियों ने सुरक्षा बलों पर फायरिंग शुरू की, जिसके जवाब में बलों ने मोर्चा संभाला।
काफी देर चली मुठभेड़ के बाद सुरक्षा बलों ने छह नक्सलियों को मार गिराया।मारे गए नक्सलियों में गणेश उइके के अलावा पांच अन्य माओवादी शामिल हैं।
इनमें दो महिला नक्सली भी थीं, जबकि शेष की पहचान की प्रक्रिया जारी है। पुलिस ने बताया कि गणेश उइके की उम्र 69 वर्ष थी और वह संगठन का प्रमुख चेहरा था।
उइके मूल रूप से तेलंगाना के नलगोंडा जिले का रहने वाला था। वह पक्का हनुमंतु और राजेश तिवारी जैसे कई उपनामों से भी जाना जाता था।
अधिकारियों ने कहा कि यह ऑपरेशन ओडिशा में नक्सल नेटवर्क को कमजोर करने में मदद करेगा।
सुरक्षा एजेंसियां इस कार्रवाई को राज्य में नक्सल विरोधी अभियान की बड़ी उपलब्धि मान रही हैं। घटना के बाद सुरक्षा बलों ने इलाके में सर्च ऑपरेशन तेज कर दिया है।
अधिकारियों ने आशंका जताई कि आसपास के जंगलों में अन्य नक्सली छिपे हो सकते हैं। फिलहाल पूरे क्षेत्र में अतिरिक्त बलों की तैनाती की गई है। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि नक्सलियों के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।


More Stories
मास्क और ग्लव्स पहनकर चोरी करने पहुंचा युवक, खाली मकान में रंगे हाथों पकड़ा गया
Major Rishabh Singh Sambyal Retires After 12 Years, From President Murmu’s ADC to Internet Sensation
दिल्ली में फिर शर्मनाक घटना: खाली स्लीपर बस में छात्रा से गैंगरेप, ड्राइवर-कंडक्टर गिरफ्तार