मुंबई में सार्वजनिक स्थानों के नामकरण को लेकर एक बार फिर राजनीतिक विवाद सामने आया है। BMC ने गोवंडी के शिवाजी नगर स्थित एक उद्यान का नाम टीपू सुल्तान के नाम पर रखने वाले पुराने प्रस्ताव को वापस लेने की सिफारिश की है। प्रशासन ने स्थानीय लोगों और विभिन्न संगठनों के लगातार विरोध को इसका प्रमुख कारण बताया है। अब यह प्रस्ताव BMC की मार्केट एंड गार्डन कमेटी के सामने चर्चा के लिए जाएगा। कमेटी ही तय करेगी कि प्रस्ताव को आधिकारिक रूप से वापस लिया जाए या नहीं। इस फैसले के बाद मुंबई में पार्क के नामकरण को लेकर पुराना विवाद फिर चर्चा में आ गया है। प्रशासन का मानना है कि स्थानीय विरोध को देखते हुए नामकरण का फैसला वापस लेना उचित होगा। वहीं, इस मुद्दे ने राजनीतिक दलों और स्थानीय संगठनों के बीच बहस बढ़ा दी है।
स्थानीय विरोध के बीच BMC ने बदला अपना रुख
इस पूरे विवाद की शुरुआत जनवरी 2021 में हुई थी, जब तत्कालीन समाजवादी पार्टी की नगरसेविका रुखसाना सिद्दीकी ने प्रस्ताव रखा था। उन्होंने गोवंडी में विकसित किए जा रहे नए पार्क का नाम टीपू सुल्तान के नाम पर रखने की मांग की थी। हालांकि, जुलाई 2021 में मार्केट एंड गार्डन कमेटी ने इस प्रस्ताव पर फैसला टाल दिया था। उस समय पार्क का सिविल कार्य पूरा नहीं होने के कारण समिति ने नामकरण पर निर्णय नहीं लिया। बाद में BMC ने पार्क का निर्माण कार्य फरवरी 2022 में पूरा कर लिया था। निर्माण पूरा होने के बाद भी नामकरण को लेकर स्थानीय विरोध खत्म नहीं हुआ। कई स्थानीय लोगों और संगठनों ने लगातार प्रस्ताव का विरोध किया। इसी विरोध को देखते हुए BMC प्रशासन ने अब पुराने प्रस्ताव को वापस लेने की सिफारिश की है। अंतिम फैसला मार्केट एंड गार्डन कमेटी की बैठक में लिया जाएगा।
BMC प्रशासन ने अपने नए प्रस्ताव में स्थानीय विरोध को प्रमुख आधार बनाया है। प्रशासन के अनुसार, लगातार विरोध के कारण उद्यान का नाम बदलना उचित नहीं माना जा रहा है। अधिकारियों ने प्रस्ताव वापस लेने की सिफारिश मार्केट एंड गार्डन कमेटी के सामने रखी है। अब समिति इस मामले पर चर्चा करके आगे का निर्णय करेगी। इस बीच, पूर्व नगरसेविका रुखसाना सिद्दीकी ने प्रशासन के रुख पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि टीपू सुल्तान ने अंग्रेजों के खिलाफ लड़ाई लड़ी थी। उनके मुताबिक, महाराष्ट्र के स्कूलों में भी टीपू सुल्तान का इतिहास पढ़ाया जाता रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि धार्मिक पहचान के आधार पर इतिहास को बदलने की कोशिश हो रही है। उनके बयान के बाद नामकरण विवाद ने राजनीतिक रंग और गहरा कर लिया है।
Also Read : मां ने जुड़वा बेटियों की हत्या की फिर खुदकुशी की कोशिश; FIR दर्ज
नामकरण के फैसले पर समिति की नजर
मार्केट एंड गार्डन कमेटी के अध्यक्ष हेतल गाला ने भी मामले पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि यह प्रस्ताव काफी पुराना है और प्रशासन ने अब अपनी सिफारिश समिति को भेजी है। समिति प्रस्ताव पर चर्चा करने के बाद आगे की प्रक्रिया तय करेगी। इस विवाद ने मुंबई में सार्वजनिक स्थानों के नामकरण को लेकर नई बहस छेड़ दी है। अलग-अलग संगठन और स्थानीय निवासी इस मुद्दे पर अपनी राय सामने रख रहे हैं। एक पक्ष ऐतिहासिक व्यक्तित्व के नाम पर सार्वजनिक स्थान रखने का समर्थन करता है। वहीं, दूसरा पक्ष टीपू सुल्तान के नामकरण का लगातार विरोध कर रहा है। BMC अब दोनों पक्षों के विरोध और प्रशासनिक सिफारिश को ध्यान में रखेगी। अंतिम निर्णय समिति की बैठक में होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।
गोवंडी के इस पार्क का नामकरण विवाद अब केवल स्थानीय मुद्दा नहीं रहा है। BMC के नए प्रस्ताव ने इसे फिर राजनीतिक चर्चा का विषय बना दिया है। प्रशासन ने स्थानीय विरोध के आधार पर नामकरण प्रस्ताव वापस लेने की सिफारिश की है। हालांकि, समिति की मंजूरी के बाद ही प्रस्ताव आधिकारिक रूप से वापस होगा। इस मामले में रुखसाना सिद्दीकी ने प्रशासन के फैसले का विरोध किया है। वहीं, समिति अध्यक्ष ने इसे पुराने प्रस्ताव पर प्रशासन की नई सिफारिश बताया है। अब सभी की नजर मार्केट एंड गार्डन कमेटी की आगामी बैठक पर टिकी है। समिति के निर्णय से यह स्पष्ट होगा कि उद्यान का नाम क्या रखा जाएगा। फिलहाल, इस विवाद ने मुंबई में नामकरण और इतिहास को लेकर बहस तेज कर दी है।


More Stories
Climate Meets Technology: Advancing Innovation for a Sustainable Future
James Dyson Award 2026: Indian Student Designs Electric Vehicle for Security Patrols
बस हादसे के बाद खुली पोल, ग्रेटर नोएडा में 1.55 लाख का चालान और सुरक्षा इंतजामों की कमी