जासूसी आरोपी ज्योति मल्होत्रा के पिता बोले। हरीश मल्होत्रा ने कहा, “मेरे पास वकील के पैसे नहीं थे।” बेटी से मिलने जाना चाहता था। पुलिस ने दोपहर 12 बजे का समय दिया। तब पता चला, ज्योति फिर रिमांड पर है। “पुलिस ने गलत समय बताकर धोखा किया।” उन्होंने अमर उजाला से कहा, “मेरे पास मोबाइल भी नहीं है।”
Also read: क्रेडिट की होड़ में ट्रंप: बोले- ‘भारत-पाक तनाव घटाने में ट्रेड डील का हाथ’
मैंने पुलिसकर्मियों से ज्योति के बारे में पूछा तो बताया था कि वीरवार दोपहर 12 बजे बाद उसे कोर्ट में पेश करेंगे। कोर्ट में आ जाना, आपको ज्योति से मिलवा देंगे। सुबह 11 बजे मेरे घर दो पत्रकार आए, उन्होंने बताया कि ज्योति को दोबारा से रिमांड पर भेज दिया है। वह कोर्ट में नहीं है। ज्योति के लिए वकील नियुक्त करने के बारे में पूछा तो कहा कि मैं तो किसी वकील को जानता नहीं। मेरे पास पैसे भी नहीं हैं।
चार दिन की और पुलिस रिमांड
जासूसी की आरोपी ज्योति मल्होत्रा को पेश किया गया। पांच दिन की रिमांड पूरी हो चुकी थी। सिविल लाइन पुलिस ने बताया, फोरेंसिक रिपोर्ट नहीं मिली। अन्य राज्यों की पुलिस ने भी संपर्क किया। जांच के लिए सात दिन की और रिमांड चाहिए। 40 मिनट की जिरह के बाद, न्यायाधीश सुनील कुमार ने आदेश दिया। ज्योति को चार दिन की और रिमांड पर भेजा गया।
Also Read: Ex-Microsoft staffer Vaniya Agrawal protests at Build 2025 for Gaza justice
कोर्ट में पेश की गई जांच रिपोर्ट
जासूसी आरोपी ज्योति मल्होत्रा का रिमांड बुधवार को पूरा हुआ। उसे वीरवार को अदालत में पेश किया गया। सुबह 9:30 बजे, पुलिस ज्योति को अदालत लाई। जांच अधिकारी निर्मला ने जांच रिपोर्ट पेश की।
Also read: तंजावुर में बस और ऑटो की भीषण टक्कर, पांच लोगों की दर्दनाक मौत
अदालत में स्कॉर्पियो से लाया गया ज्योति को
सिविल लाइन पुलिस ने मीडिया से बचने के लिए ज्योति मल्होत्रा को पुलिस की वाहन के बजाय काले रंग के शीशे वाली स्कॉर्पियो से लाया। उसे अदालत के गेट नंबर एक से अंदर लाया गया। इस दौरान सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त थे। अदालत परिसर में करीब 40 से अधिक पुलिसकर्मी अलग अलग स्थानों पर तैनात किए गए। इसके अलावा कुछ पुलिसकर्मी सिविल ड्रेस में भी लगाए गए थे। अदालत में पेशी से पहले सभी लोगों को हटा दिया गया।
Also Read: IT और ऑटो शेयरों में भारी गिरावट से बाजार धड़ाम, सेंसेक्स 700 अंकों की गिरावट के साथ बंद
वीडियो अपलोड से पहले दानिश को भेजती थी ज्योति
जासूसी की आरोपी ज्योति मल्होत्रा से पूछताछ हुई। सामने आया, वह वीडियो दानिश को भेजती थी। पाकिस्तान संबंधी वीडियो अपलोड से पहले यह होता था। दूतावास अधिकारी दानिश इन्हें देखता था। वह ज्योति को निर्देश देता था। फिर ज्योति वीडियो एडिट कर अपलोड करती थी। माना जा रहा है, दानिश छवि खराब करने वाले सीन हटाता था। वह सुरक्षा संबंधी गोपनीय अंश भी चेक करता था। ज्योति के मोबाइल से इसके सबूत मिले हैं।
ज्योति के चार बैंकों में खाते
मल्होत्रा के चार बैंक खाते हैं। उनकी जांच चल रही है। पुलिस ने लेन-देन पर टिप्पणी से इनकार किया। खातों में बड़ी रकम नहीं मिली है।
ज्योति को अब तक नहीं मिला वकील
मल्होत्रा ने कोई वकील नियुक्त नहीं किया है। पिता हरीश मल्होत्रा ने कहा, “मेरे पास पैसे नहीं हैं।” “मुझे नहीं पता वकील कैसे करूं।” उन्होंने बताया, “पांच दिन से कोई घर नहीं आया।” “पड़ोसियों और रिश्तेदारों ने दूरी बना ली है।”


More Stories
Cricket stadium inaugurated by Ram Charan as fans fill venue with “Peddi” cheers
राहुल गांधी ने कोर्ट में माना भ्रम में दिया बयान, कार्तिकेय चौहान मामले में मांगी माफी
पुरी जगन्नाथ मंदिर आज 5 घंटे रहेगा बंद, रुक्मिणी हरण की परंपरा निभाएंगे भगवान जगन्नाथ