August 15, 2026

Central Times

Most Trusted News on the go

ईरान

अमेरिका ने ईरान में सैन्य ठिकानों को बनाया निशाना

अमेरिकी सेना ने ईरान के भीतर नए सैन्य हमले करते हुए बंदर अब्बास स्थित एक अहम सैन्य ठिकाने को निशाना बनाया। अमेरिकी सेंट्रल कमांड के अनुसार यह हमला उस समय किया गया, जब ईरान वहां से पांचवां ड्रोन हमला लॉन्च करने की तैयारी कर रहा था। अमेरिका ने दावा किया कि उसकी सेना ने होर्मुज स्ट्रेट के आसपास मंडरा रहे चार ईरानी हमलावर ड्रोन भी मार गिराए। ईरानी मीडिया ने बंदर अब्बास के पूर्वी हिस्से में तेज धमाकों की खबर दी। पिछले तीन दिनों में यह दूसरी बार है जब अमेरिका ने ईरान के अंदर सैन्य कार्रवाई की है।

Also Read: पद्मिनी एकादशी पर करें ये उपाय, देखें आज का राशिफल

अमेरिका के नए हमलों से ईरान में बढ़ा तनाव

ये हमले ऐसे समय हुए हैं, जब दोनों देशों के बीच बेहद नाजुक युद्धविराम लागू है और तीन महीने लंबे संघर्ष को खत्म करने के लिए बातचीत जारी है। इस युद्ध ने होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले समुद्री व्यापार को गंभीर रूप से प्रभावित किया है। हजारों तेल टैंकर जहाज अब भी समुद्री मार्ग में फंसे हुए हैं, जिससे वैश्विक ऊर्जा कीमतों में तेज बढ़ोतरी हुई है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने अपनी कार्रवाई को पूरी तरह रक्षात्मक बताया। अमेरिका का कहना है कि उसने यह कदम अपने सैनिकों और समुद्री सुरक्षा की रक्षा के लिए उठाया।

इससे पहले सोमवार को भी अमेरिका ने दक्षिणी ईरान में मिसाइल ठिकानों और बारूदी सुरंगें बिछाने की कोशिश कर रही नौकाओं पर हमले किए थे। अमेरिकी अधिकारियों ने दावा किया कि ईरानी बल उनके सैनिकों और जहाजों के लिए खतरा बन रहे थे। वहीं ईरान ने अमेरिकी हमलों को युद्धविराम का गंभीर उल्लंघन करार दिया। ईरानी सरकार ने चेतावनी दी कि वह किसी भी शत्रुतापूर्ण कार्रवाई का जवाब जरूर देगी। तनाव बढ़ने के बाद पूरे खाड़ी क्षेत्र में सुरक्षा चिंताएं और गहरी हो गई हैं।

Also Read: ताइवान ने भारत को पछाड़ा, बढ़ी मुश्किलें

सैन्य ठिकानों को बनाया निशाना

ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर ने दावा किया कि उसने एक अमेरिकी ड्रोन मार गिराया और ईरानी हवाई क्षेत्र में घुसे लड़ाकू विमान और दूसरे ड्रोन पर फायरिंग की। हालांकि उसने घटना का समय स्पष्ट नहीं किया। दूसरी ओर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि ईरान दबाव में बातचीत कर रहा है। उन्होंने कहा कि अमेरिका अभी तक प्रस्तावित समझौते से संतुष्ट नहीं है। ट्रंप ने चेतावनी दी कि यदि ईरान उनकी शर्तें नहीं मानता तो अमेरिका बड़े स्तर पर फिर सैन्य अभियान शुरू कर सकता है।

ट्रंप ने खाड़ी देशों से अब्राहम एकॉर्ड्स के तहत इसराइल के साथ संबंध सामान्य करने की अपील भी की। उन्होंने दावा किया कि ईरान समझौते तक पहुंचने के लिए बेहद इच्छुक है, लेकिन अब तक कोई अंतिम नतीजा नहीं निकला है। इस बीच ईरानी सरकारी टीवी ने एक कथित मसौदा समझौते का विवरण प्रसारित किया, जिसमें होर्मुज स्ट्रेट को फिर खोलने और अमेरिकी सेनाओं की वापसी जैसी बातें शामिल थीं। हालांकि व्हाइट हाउस ने इस दस्तावेज को पूरी तरह फर्जी बताया। दोनों देशों के बीच बातचीत जारी है, लेकिन क्षेत्र में तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है।

Also Read: ताइवान ने भारत को पछाड़ा, बढ़ी मुश्किलें