इस्राइल के राजनयिक गिलाड एरडन ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की बैठक में ईरान के खिलाफ कड़े प्रतिबंध और उनकी सेना को आतंकी संगठन घोषित करने की मांग की।
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इस्राइल की वॉर कैबिनेट की बैठक बुलाई गई
रविवार को ईरान के हमले के बाद, इस्राइल की वॉर कैबिनेट की बैठक बुलाई गई। इस्राइली मीडिया के अनुसार, वॉर कैबिनेट की बैठक में निर्णय लिया गया है कि इस्राइल, ईरान के हमले का जवाब जरूर देगा, लेकिन इसके जवाब की तारीख और रूप अभी तक तय नहीं हुआ है। अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन ने इस्राइल के पीएम बेंजामिन नेतन्याहू को सलाह दी है कि वह विवेकपूर्वक सोच-समझकर ही कोई कदम उठाए।
इस्राइल और ईरान के बीच तनाव: अमेरिकी राष्ट्रपति की सलाह और संयुक्त राष्ट्र की बैठक
इस्राइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू को अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने यह सलाह दी है कि अगर ईरान के खिलाफ हमला होता है, तो अमेरिका उसमें इस्राइल की कोई मदद नहीं करेगा। एक अमेरिकी अधिकारी ने इसे स्पष्ट किया है कि अगर इस्राइल ईरान पर हमला करता है, तो अमेरिकी सेना इसमें इस्राइल की सहायता नहीं करेगी। संयुक्त राष्ट्र में इस्राइल के राजनयिक गिलाड एरडन ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की बैठक में ईरान पर कड़े प्रतिबंध लगाने और ईरानी सेना को आतंकी संगठन घोषित करने की मांग की।
इस्राइल ने आरोप लगाया कि ‘ईरान क्षेत्र और दुनिया की शांति के लिए खतरा है और अस्थिरता पैदा करने की कोशिश कर रहा है।’ ईरान ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की बैठक में इस्राइल पर उसके दमिश्क स्थित दूतावास पर हमले का आरोप लगाया। ईरान ने कहा कि ‘संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने इस्राइल की उकसावे वाली कार्रवाई के खिलाफ कोई एक्शन नहीं लिया, ऐसे में उनके पास जवाब देने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा था।’
ईरान ने ये भी कहा कि वह संघर्ष को बढ़ाना नहीं चाहता, लेकिन अगर उनके खिलाफ आक्रामक कार्रवाई हुई तो वह उसका जवाब देंगे। ईरान के विदेश मंत्री हुसैन आमिर अब्दुल्लाहियान ने बताया कि ईरान ने इस्राइल पर हमले से पहले ही अमेरिका को इसके बारे में जानकारी दे दी थी। भारत ने पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव पर चिंता जाहिर की है और इस बात पर जोर दिया कि दोनों देशों को बातचीत के जरिए विवाद को सुलझाना चाहिए। भारतीय विदेश मंत्रालय ने कहा कि हम हालात पर नजर बनाए हुए हैं।
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ईरान-इस्राइल संघर्ष: अंतरराष्ट्रीय समुदाय की आवाज और भारत की कार्रवाई
भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर ने भी इस्राइली प्रतिनिधि से टेलीफोन पर वार्ता की। उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से इस बारे में जानकारी दी कि वे लगातार इस्राइली विदेश मंत्री के संपर्क में हैं। संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंटोनियो गुटेरस ने कहा कि दुनिया एक और युद्ध को नहीं झेल सकती। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील की कि ईरान और इस्राइल के बीच संघर्ष बढ़ना नहीं चाहिए क्योंकि इससे पूरी दुनिया पर गलत असर पड़ेगा। भारत ने पश्चिमी एशिया में बढ़ते तनाव पर चिंता जताई है और विवाद को सुलझाने के लिए दोनों देशों के बीच बातचीत को समर्थन दिया है। इस बारे में भारतीय विदेश मंत्रालय ने अपनी नजरदारी की है।
ईरानी सेना द्वारा सीरिया की राजधानी दमिश्क में स्थित इस्राइली दूतावास पर हमले के बाद, ईरान और इस्राइल के बीच संघर्ष में उन्होंने आपस में हमलों का संघर्ष देखा। ईरानी सेना द्वारा की गई इस हमले में ईरानी सेना के कई अधिकारियों की मौत हो गई, जिसमें शीर्ष सेना के अधिकारियों भी शामिल थे। उत्तरी अमेरिकी विमानसेना ने इस हमले में कई ड्रोन्स और मिसाइलों को रोका। ईरान ने भारतीय सदस्यों की सुरक्षा के लिए बातचीत के लिए सहमति दी है, जिससे भारतीय अधिकारियों की सुरक्षा की जा सके।


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