अमित शाह ने दावा किया कि संदेशखाली में वोट बैंक के लिए ममता दीदी ने गरीब लाचार महिलाओं और बहनों पर अत्याचार किया है. संदेशखाली के लोगों ने इसका विरोध किया, जिस पर हाईकोर्ट ने संज्ञान लिया और ममता दीदी के खिलाफ कार्रवाई की. अब वह जेल में हैं. शाह ने कहा कि चुनावी हिंसा का जिम्मेदार सिर्फ टीएमसी है.
लोकसभा चुनाव के समय सभी राजनीतिक दल व्यापक प्रचार कार्यक्रमों में लगे हैं. इसी सिलसिले में गृह मंत्री अमित शाह ने पश्चिम बंगाल के रायगंज लोकसभा क्षेत्र के करणदिघी में एक जनसभा को संबोधित किया. उन्होंने इस अवसर पर सरकार पर कड़ा निशाना साधा और कहा कि बांग्लादेश से आए हिंदू शरणार्थियों को नागरिकता प्रदान करने में सरकार को क्या समस्या है.
Also Read: एरिजोना में दो वाहनों की हुई भीषण टक्कर, हादसे में दो भारतीय छात्रों ने गंवाई जान
शाह ने कहा कि एक ओर ममता दीदी घुसपैठ कर रही हैं और घुसपैठियों को बढ़ावा दे रही हैं, जबकि दूसरी ओर शरणार्थियों को नागरिकता प्रदान करने का विरोध कर रही हैं. गृहमंत्री ने पूछा कि आखिर ममता दीदी को इससे क्या तकलीफ है, क्या उनका यह अधिकार नहीं है. अमित शाह ने कहा कि कांग्रेस पार्टी या ममता बनर्जी की हिम्मत नहीं है कि वे CAA को हटा सकें. उन्होंने कहा कि हर हिंदू शरणार्थी को नागरिकता मिलेगी.
Also Read: सूरत लोकसभा सीट पर बीजेपी उम्मीदवार मुकेश दलाल निर्विरोध सांसद चुने गए
शाह ने कहा कि संदेशखाली में वोट बैंक के लिए ममता दीदी ने गरीब लाचार महिलाओं और बहनों पर अत्याचार किया
अमित शाह ने कहा कि संदेशखाली में वोट बैंक के लिए ममता दीदी ने गरीब लाचार महिलाओं और बहनों पर अत्याचार किया है. संदेशखाली के लोगों ने इसका विरोध किया, जिस पर हाईकोर्ट ने संज्ञान लिया और ममता दीदी के खिलाफ कार्रवाई की. अमित शाह ने आक्रामक अंदाज में कहा कि टीएमसी के नेता पहले झोपड़ी में रहते थे, लेकिन अब उनके आलीशान मकान बन गए हैं और लोग गाड़ियों में घूमते हैं. उन्होंने कहा कि पार्थ चटर्जी अभी भी जेल में हैं, लेकिन ममता बनर्जी उन्हें अभी भी उसे सस्पेंड नहीं कर रही हैं.
Also Read: जैसवाल ने टी20 विश्व कप से पहले समय पर एक याददाश्त भेजी
अमित शाह ने बताया कि ममता बनर्जी के राज में चुनावी हिंसा की घटनाएं सामने आई हैं. पंचायत चुनाव के दौरान 200-200 लोगों की मौत हो रही है. लोकसभा और विधानसभा चुनाव के बाद भी लोगों की हत्या की घटनाएं सामने आई हैं. उन्होंने कहा कि देशभर में चुनाव होते हैं, लेकिन कहीं हिंसा नहीं होती है. शाह ने यह भी कहा कि बंगाल में चुनावी हिंसा का कारण सिर्फ टीएमसी है.
Also Read: श्रद्धा कपूर ज्वेलरी बेचते हुए सेल्स गर्ल के रूप में उभरी
उन्होंने कहा कि अगर हम बंगाल को हिंसा से मुक्त करना चाहते हैं, तो हमें घुसपैठ को रोकना होगा और शरणार्थियों को नागरिकता देना होगा. उन्होंने कहा कि हमें बंगाल में संदेशखाली जैसी घटनाओं को नहीं होने देना चाहिए और माताओं और बहनों की सुरक्षा को प्राथमिकता देनी चाहिए. इसके लिए उन्हें नरेंद्र मोदी को पुनः प्रधानमंत्री बनाने का समर्थन दिया गया है. उन्होंने कहा कि वे बंगाल को मोदी जी की गारंटी देने आए हैं और लोगों से 30 सीटें जीतने की अपील की है.


More Stories
Noida: Man Dies by Suicide After Jumping From 43rd Floor of Supernova Society, Video Surfaces
पत्नी ने कहा- पन्ना चलो, हीरे खोजेंगे; दो दिन में मिले 4 हीरे, बदली परिवार की किस्मत
Land of UP Madrasa Teacher Seized by ED in UK Citizenship Salary Case