भारत के कई हिस्सों में मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है और आने वाले दिनों में कई राज्यों को भारी बारिश का सामना करना पड़ सकता है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, देश के मौसम पर इस समय दो बड़े मौसमी सिस्टम का प्रभाव देखा जा रहा है। इनमें प्रशांत महासागर में सक्रिय अल-नीनो और बंगाल की खाड़ी में बना निम्न दबाव क्षेत्र शामिल हैं। अल-नीनो के मजबूत होने से मौसम का संतुलन प्रभावित हो सकता है और कुछ क्षेत्रों में कम बारिश तथा सूखे जैसी स्थिति बनने की आशंका बढ़ सकती है। वहीं, बंगाल की खाड़ी में बना लो प्रेशर सिस्टम लगातार मजबूत हो रहा है। इसके आगे बढ़ने और ताकत बढ़ने से ओडिशा, आंध्र प्रदेश सहित कई तटीय राज्यों में भारी बारिश और तेज हवाओं का असर देखने को मिल सकता है।
Also read :दंगल’ से प्रेरित ऑटो चालक की बेटी हिमानी हिरानी ने जीता कुश्ती में गोल्ड
ओडिशा, आंध्र समेत कई राज्यों में भारी बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट
अंडमान सागर के आसपास बना निम्न दबाव क्षेत्र अगले कुछ दिनों में और मजबूत होने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुमान के मुताबिक, यह सिस्टम 21 सितंबर तक डिप्रेशन और 22 सितंबर तक डीप डिप्रेशन में बदल सकता है। इसके बाद 23 सितंबर तक इसके पश्चिम-मध्य और उससे जुड़े उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी की ओर बढ़ने की संभावना जताई गई है। इसके प्रभाव से आंध्र प्रदेश और दक्षिण ओडिशा के तटीय इलाकों में मौसम तेजी से बदल सकता है। IMD ने 23 और 24 सितंबर को दक्षिण ओडिशा तथा उत्तर तटीय आंध्र प्रदेश में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी दी है। दक्षिण छत्तीसगढ़ में भी 24 सितंबर को कुछ स्थानों पर भारी बारिश ।
मौसम विभाग ने दक्षिण ओडिशा और उत्तर तटीय आंध्र प्रदेश के लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। IMD के अनुसार, 23 और 24 सितंबर को इन क्षेत्रों के कई स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। ओडिशा के तटीय इलाकों में इस दौरान तेज हवाओं का प्रभाव भी देखने को मिल सकता है। 23 सितंबर को हवाओं की सामान्य गति 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे के आसपास रह सकती है, जबकि झोंकों के दौरान रफ्तार 70 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की संभावना है। दक्षिण ओडिशा और उत्तर आंध्र प्रदेश के तटों के पास 23 सितंबर को 55 से 65 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। दक्षिण आंध्र प्रदेश और पश्चिम बंगाल के तटीय क्षेत्रों में भी 23 और 24 सितंबर को तेज हवाओं की संभावना जताई गई है।
Also read :अखिलेश यादव पर मायावती का हमला, मुस्लिम समाज को लेकर कही बड़ी बात
बंगाल की खाड़ी का सिस्टम हो सकता है मजबूत, तटीय राज्यों में बढ़ेगा खतरा
पूर्वी भारत के कई राज्यों में भी आने वाले दिनों में बारिश का दौर तेज हो सकता है। IMD के अनुसार, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह तथा गंगीय पश्चिम बंगाल में 20 से 26 सितंबर के बीच भारी बारिश होने की संभावना है। झारखंड, ओडिशा और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल तथा सिक्किम में 22 से 26 सितंबर के दौरान बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं। बिहार में 24 से 26 सितंबर के बीच भारी बारिश होने का अनुमान है। वहीं, गंगीय पश्चिम बंगाल में 22 से 25 सितंबर तक भारी बारिश का असर देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग ने उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम के लिए भी विशेष चेतावनी जारी की है।
बंगाल की खाड़ी में सक्रिय मौसम प्रणाली के कारण आने वाले दिनों में पूर्वी और मध्य भारत के कई हिस्सों में मौसम खराब रह सकता है। लगातार बारिश के कारण निचले इलाकों में जलभराव और स्थानीय स्तर पर यातायात प्रभावित होने की स्थिति बन सकती है। तटीय क्षेत्रों में तेज हवाओं के कारण समुद्र की स्थिति भी खराब रहने की संभावना है। ऐसे में मछुआरों और समुद्र के आसपास रहने वाले लोगों को मौसम विभाग की चेतावनियों पर ध्यान देने की जरूरत होगी। IMD लगातार इस सिस्टम की निगरानी कर रहा है और इसके आगे बढ़ने के साथ चेतावनियों में बदलाव किया जा सकता है।
Also read :शिवराज चौहान का भगवंत मान पर हमला, पंजाब में नशे को लेकर उठाए सवाल


More Stories
Riyadh Airport Attack: 1 Dead, 11 Injured in Houthi Strike | Top Updates
Will ( AI ) Artificial intelligence Replace Jobs? What Tech Leaders and Employees Say About the Future
बच्चे को पीठ पर बांधकर ड्यूटी करती मां का वीडियो वायरल, लोग बोले- ‘आधुनिक झांसी की रानी’