15 राज्यों में पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (PFI) के 93 ठिकानों पर NIA की छापेमारी के बाद शुक्रवार को PFI ने केरल बंद बुलाया है। NIA रेड का विरोध कर रहे संगठन के कार्यकर्ता हिंसक हो उठे। राजधानी तिरुवनंतपुरम और कोयट्टम में PFI कार्यकर्ताओं ने सरकारी बसों और गाड़ियों में तोड़फोड़ की है।
पुलिस के मुताबिक कोल्लम में मोटर साइकिल सवार PFI कार्यकर्ताओं ने 2 पुलिसकर्मियों पर हमला किया। PFI के प्रदर्शन को देखते हुए राज्य सरकार ने पुलिस बलों की अतिरिक्त तैनाती की है।
PFI बंद और कार्यकर्ताओं की तोड़फोड़ से जुड़े फोटोज…

केरल से बंगाल तक छापेमारी, 106 अरेस्ट
उत्तर प्रदेश, केरल, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, तमिलनाडु, असम, महाराष्ट्र, बिहार, पश्चिम बंगाल, मध्यप्रदेश, पुडुचेरी, ओडिशा और राजस्थान में गुरुवार को NIA ने ED के साथ मिलकर छापेमारी की। रेड में करीब 300 से ज्यादा NIA अधिकारी शामिल रहे। इस दौरान जांच एजेंसी ने PFI के 106 कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया।

क्यों हुई छापेमारी, 3 वजहें…
1. राज्यों में टेरर फंडिंग करने का आरोप: अधिकारियों से मिली जानकारी के मुताबिक कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु और हैदराबाद में आतंकी गतिविधि बढ़ाने के लिए भारी संख्या में टेरर फंडिंग की गई है। लिंक खंगालने के बाद जांच एजेंसी ने यह कार्रवाई की है।
2. ट्रेनिंग कैंप लगाने का आरोप: सूत्रों के मुताबिक को सूचना मिली कि कई राज्यों में पिछले कुछ महीनों से PFI बड़े स्तर पर ट्रेनिंग कैंप लगा रही है। इसमें हथियार चलाने की ट्रेनिंग देने के साथ लोगों का ब्रेनवॉश भी किया जा रहा था।
3. फुलवारी शरीफ का लिंक: जुलाई में पटना के पास फुलवारी शरीफ में मिले आतंकी मॉड्यूल को लेकर भी छापेमारी की गई है। फुलवारी शरीफ में PFI के सदस्यों के पास से इंडिया 2047 नाम का 7 पेज का डॉक्यूमेंट भी मिला था। इसमें अगले 25 साल में भारत को मुस्लिम राष्ट्र बनाने की प्लानिंग थी।

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