लालच बुरी बला है ये हम सबने पढ़ा है पर पैसों का लालच क्या-क्या करवा सकता है इसका ताजा उदाहरण यूपी के गाजियाबाद से मिला है. गाजियाबाद के मोदीनगर इलाके से एक ऐसी घटना सामने आई है जहां पर पैसों की लालच में एक मकान-मालिक ने अपने ही किरायेदार को मौत के घाट उतारा. पहले उसने किरायेदार को अपने घर में बुलाकर उसकी गर्दन दबा कर हत्या की और फिर घर में ही शरीर के कुल्हाड़ी से 4 टुकड़े किये ताकि लाश को छुपाने में आसानी हो.
हत्या कर शव के किये 4 टुकड़े
मामला मोदीनगर के राधा एन्क्लेव का है जहां पर मकान मालिक उमेश शर्मा ने 35 वर्षीय अंकित खोखर की हत्या कर उसके शरीर के टुकड़ों को गंगनहर, खतौली और ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेस वे पर फेंक दिया. डीसीपी ग्रामीण जोन डॉ ईरज राजा की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार उमेश ने अंकित की हत्या घर में गला दबाकर ही की थी.
पुलिस की ओर से मिली जानकारी के अनुसार 6 अक्टूबर को हुई इस हत्या का खुलासा उसके दोस्त प्रवेश और मकान मालिक उमेश ने हिरासत में लिये जाने के बाद किया और हत्या की बात भी कबूल ली है. हालांकि पुलिस को अभी तक अंकित खोखर की लाश के टुकड़े नहीं मिल सके हैं.
जिसे माना बहन वो खुद थी हत्या की साजिश में शामिल
पुलिस हिरासत के दौरान उमेश ने हत्या को लेकर कई खुलासे किये जिसमें उसने बताया कि अंकित खोखर पिछले 6 महीने से उमेश के घर पर बतौर किरायेदार रह रहा था और यहां रहकर अपनी पीएचडी की पढ़ाई पूरी कर रहा था. वह मूल रूप से बागपत का रहने वाला था और लखनऊ से पीएचडी पूरी कर रहा था. अंकित खोखर ने मकान मालिक की पत्नी से राखी बंधवाई थी और उसे अपनी बहन मानकर उमेश को जीजा कहता था, लेकिन हत्या के बाद जब कमरे में खून फैल गया तो उसे साफ करने का काम किसी और ने नहीं बल्कि उमेश की पत्नी ही ने किया था.
गौरतलब है कि उमेश ने अपने पैतृक गांव की जमीन बेचकर करीब एक करोड़ रुपये अपने खाता में जमा कराये थे. अंकित के माता-पिता की मौत पहले ही हो चुकी थी, इसी लिये वो अपने घर से दूर आकर अकेले रहता था. अंकित बागपत जिले के गांव मुकुंदपुर का रहने वाला था और काफी समय से अपने दोस्तों के संपर्क से दूर था दोस्तों को शक हुआ तो उन्होंने मोदीनगर पहुंचकर अंकित की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई जिसके बाद पुलिस जांच में जुट गई.
हत्या के बाद खाते से निकाल चुका था करीब 20 लाख
पुलिस ने मोबाइल नंबर के जरिए अंकित के बैंक अकाउंट डीटेल्स निकलवाई तो पता चला कि अब तक उसके खाते से रकम निकल रही है. अंकित की आखिरी लोकेशन उसके किराये वाले मकान में थी जिसके बाद पुलिस ने मकान मालिक उमेश शर्मा को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो पता चला कि 6 अक्टूबर 2022 को ही उमेश ने अंकित खोखर की हत्या कर दी.
पुलिस जांच में यह भी पता चलता है कि उमेश शर्मा ने अंकित से बिजनेस करने के नाम पर पहले ही 40 लाख रुपये उधार लिये थे और हत्या करने के बाद यूपीआई के जरिये करीब 20 लाख रुपये निकाल चुका था. फिलहाल पुलिस ने एक टीम गठित कर दी है जो अंकित खोकर की शव के टुकड़ों की तलाश में जुटी है.


More Stories
Rajya Sabha setback: Buzz over Raghav Chadha’s BJP move
Supreme Court lauds peaceful Bengal Phase 1 voting turnout
एयरस्पेस बैन: भारत ने पाकिस्तानी उड़ानों पर प्रतिबंध 24 मई तक बढ़ाया