अब्दुल करीम ‘टुंडा’ जो कि 6 दिसंबर, 1993 को हुए ट्रेनों में सीरियल ब्लास्ट के मास्टरमाइंड कहे जाते हैं, मास्टरमाइंड अब्दुल करीम ‘टुंडा’ को अजमेर की टाडा कोर्ट ने बरी कर दिया है. टाडा कोर्ट ने यह कहा है कि उन्हें सिर्फ संदेह के आधार पर जेल में नहीं रखा जा सकता. हालांकि, सीबीआई इस मामले में सुप्रीम कोर्ट की ओर बढ़ेगी.
डॉक्टर बॉम्ब उर्फ अब्दुल करीम ‘टुंडा’ का नाम एक बार फिर से सुर्खियों में है
1993 में हुए सिरियल ट्रेन ब्लास्ट के घटना को अब भी बहुत से लोग विविध स्मृतियों के साथ याद करते हैं, विशेषकर वे लोग जो उस समय जीवित थे या फिर बाद में इस घटना के बारे में सुना. 6 दिसंबर, 1993 को, एक ही दिन में लखनऊ, कानपुर, हैदराबाद, सूरत और मुंबई सहित कई शहरों में ट्रेनों में लगातार बम विस्फोट हुए.
Also Read: शाहजहां शेख से बदले बंगाल के राजनीतिक समीकरण, दीदी को मुश्किल, तो भाजपा को होगा फायदा
अब्दुल करीम ‘टुंडा’ का नाम एक बार फिर से सुर्खियों में है. उसे बॉम्ब बनाने के एक्सपर्ट और लश्कर-ए-तैयबा के संगठन का सदस्य माना जा रहा था, जो इन ट्रेन ब्लास्ट के पीछे मास्टरमाइंड था. हालांकि, कल टाडा कोर्ट ने उसे ‘डॉक्टर बॉम्ब’ के नाम से जाने जाने वाले अब्दुल करीम टुंडा को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया है.
पिछले साल, हरियाणा के रोहतक की एक जिला और सत्र अदालत ने भी उसे 1997 के बम विस्फोट मामले में बरी कर दिया था. टुंडा की रिहाई के बाद, जिनकी उम्र 80 साल है, राजस्थान के अजमेर की टाडा कोर्ट ने भी उसे बरी कर दिया है.
टुंडा के खिलाफ टाडा कोर्ट में मुक़दमा चल रहा था
अब्दुल करीम के खिलाफ टाडा (तहत मुकदमा चल रहा था आतंकवाद और विघटनकारी गतिविधियां रोकथाम कानून के तहत।) में यहां तक कहा गया कि कोर्ट ने उसे दोषमुक्त कर दिया है, लेकिन आरोपियों में से एक इरफान (70) और हमीदुद्दीन (44) को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है. इन आरोपियों को अजमेर की जेल में बंद किया गया था.
Also Read: मुंबई-पुणे ई-वे पर 2016 के बाद से दुर्घटना से होने वाली मौतों में आई कमी
टुंडा, जिनका नाम देशभर में 40 आतंकवादी विस्फोटों से जुड़ा रहा था, कोर्ट द्वारा दोषमुक्त कहा गया है. इससे उठने वाले सवालों के बारे में सोचते हैं, जैसे कि वह कौन थे, उन पर क्या आरोप थे, और इसके बाद क्या होगा.


More Stories
SAFF Championship में आज भारत-पाकिस्तान की भिड़ंत, VETO पर मुफ्त देखें लाइव मुकाबला
Google Offers Voluntary Exit Packages to Employees in Five Countries, Seeks Workforce Reduction
Three-Storey Building Collapses Near Delhi Metro Station, 2 Dead