अंडाल पुलिस ने मवेशी तस्करी के एक बड़े प्रयास को विफल करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। रविवार देर रात मिली गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने नेशनल हाईवे-19 पर घेराबंदी की। इसके बाद बिहार से कोलकाता और पूर्व बर्दवान की ओर जा रही एक संदिग्ध लॉरी को अंडाल चौराहे के पास रोककर उसकी तलाशी ली गई। जांच के दौरान वाहन से कुल 28 मवेशी बरामद किए गए, जिनमें गाय, भैंस और बछड़े शामिल थे। इसके बाद पुलिस ने सभी जानवरों को सुरक्षित अपने कब्जे में लिया। वहीं, उनकी देखभाल सुनिश्चित करने के लिए उन्हें रानीगंज स्थित गौशाला भेज दिया गया। इस कार्रवाई के बाद इलाके में मवेशी तस्करी को लेकर सतर्कता और बढ़ा दी गई है। इसके अलावा पुलिस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है कि इस नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह कार्रवाई एक विश्वसनीय गुप्त सूचना के आधार पर की गई। सूचना मिलने के तुरंत बाद पुलिस टीम ने हाईवे पर निगरानी बढ़ा दी और संदिग्ध वाहन का इंतजार किया। जैसे ही लॉरी अंडाल क्षेत्र में पहुंची, उसे रोककर तलाशी ली गई। इस दौरान वाहन से 6 गाय, 10 भैंस और 8 बछड़ों समेत कुल 28 मवेशी बरामद हुए। हालांकि शुरुआती जांच में वाहन में जानवरों को ले जाने के स्पष्ट दस्तावेज नहीं मिले। इसलिए पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इन मवेशियों को किस उद्देश्य से ले जाया जा रहा था। इसके साथ ही पुलिस यह भी जांच कर रही है कि इस कथित तस्करी के पीछे कोई बड़ा गिरोह सक्रिय तो नहीं है। वहीं, बरामद सभी जानवरों को सुरक्षित स्थान पर भेज दिया गया है।
Also read :पुलिस कार्रवाई के खिलाफ दायर याचिका पर CJI सूर्यकांत ने लगाई फटकार
दुर्गापुर कोर्ट में पेश किए गए आरोपी, मवेशी तस्करी नेटवर्क की गहराई से जांच में जुटी पुलिस
मामले में गिरफ्तार किए गए चार लोगों में वाहन चालक और खलासी भी शामिल हैं। सोमवार को सभी आरोपियों को दुर्गापुर अदालत में पेश किया गया, जहां पुलिस ने पूछताछ के लिए उनकी रिमांड की मांग की। अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों से पूछताछ के बाद इस पूरे नेटवर्क से जुड़े कई महत्वपूर्ण खुलासे हो सकते हैं। इसके अलावा जांच एजेंसियां यह भी जानने का प्रयास कर रही हैं कि मवेशियों को किस स्थान पर पहुंचाया जाना था और इसके पीछे कौन लोग सक्रिय थे। पुलिस का मानना है कि आरोपियों से मिली जानकारी के आधार पर इस गिरोह के अन्य सदस्यों तक पहुंचना आसान हो सकता है। इसलिए जांच को कई अलग-अलग पहलुओं से आगे बढ़ाया जा रहा है।
इस बीच पुलिस ने स्पष्ट किया है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और यदि किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है तो उसके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। वहीं, अधिकारियों ने कहा कि अवैध मवेशी परिवहन और तस्करी के मामलों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। इसके अलावा सीमावर्ती और प्रमुख राजमार्गों पर पुलिस की गश्त भी बढ़ा दी गई है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को समय रहते रोका जा सके। दूसरी ओर स्थानीय प्रशासन ने भी कानून-व्यवस्था बनाए रखने और पशुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए संबंधित विभागों के साथ समन्वय बढ़ाने की बात कही है।
गुप्त सूचना पर NH-19 पर पुलिस की घेराबंदी, 28 मवेशी बरामद और चार आरोपी गिरफ्तार
गौरतलब है कि राज्य सरकार पहले भी अवैध मवेशी तस्करी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दे चुकी है। इसी क्रम में सीमावर्ती जिलों और प्रमुख मार्गों पर निगरानी मजबूत की गई है। वहीं, अधिकारियों का कहना है कि अवैध गतिविधियों में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। इसके अलावा पुलिस लगातार खुफिया सूचनाओं के आधार पर अभियान चला रही है ताकि ऐसे नेटवर्क का पूरी तरह पर्दाफाश किया जा सके। फिलहाल अंडाल पुलिस इस मामले में बरामद वाहन, आरोपियों और अन्य संभावित कड़ियों की जांच कर रही है। वहीं, पूछताछ पूरी होने के बाद मामले में और भी अहम खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।


More Stories
SAFF Championship में आज भारत-पाकिस्तान की भिड़ंत, VETO पर मुफ्त देखें लाइव मुकाबला
Google Offers Voluntary Exit Packages to Employees in Five Countries, Seeks Workforce Reduction
Three-Storey Building Collapses Near Delhi Metro Station, 2 Dead