प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अमेरिका दौरे के दौरान भारत और अमेरिका के बीच कई महत्वपूर्ण समझौते हुए, जिनका घरेलू शेयर बाजार पर सकारात्मक प्रभाव देखने को मिला. इन समझौतों ने निवेशकों में भरोसा बढ़ाया, जिससे बाजार में मजबूती देखी गई. सेंसेक्स शुरुआती कारोबार में 344.09 अंक की बढ़त के साथ 76,483.06 पर पहुंच गया, जबकि निफ्टी भी 102.3 अंक की बढ़त दर्ज करते हुए 23,133.70 के स्तर पर कारोबार कर रहा है. निवेशकों की सकारात्मक धारणा के कारण प्रमुख कंपनियों के शेयरों में भी उछाल देखने को मिला, जिससे बाजार को अतिरिक्त समर्थन मिला.
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भारत-अमेरिका समझौतों का शेयर बाजार और मुद्रा बाजार पर सकारात्मक प्रभाव
इसके अलावा, विदेशी मुद्रा बाजार में भी मजबूती देखी गई, जिससे भारतीय रुपया डॉलर के मुकाबले बेहतर प्रदर्शन करता नजर आया. शुरुआती कारोबार में रुपया आठ पैसे की बढ़त के साथ 86.85 के स्तर पर पहुंच गया, जो निवेशकों के लिए एक सकारात्मक संकेत है. वैश्विक बाजारों में स्थिरता और अमेरिका के साथ हुए नए समझौतों के चलते भारतीय अर्थव्यवस्था को लेकर उम्मीदें और मजबूत हुई हैं. इससे निवेशकों में विश्वास बढ़ा है, जिससे बाजार में स्थिरता बनी रहने की संभावना है.
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हालांकि, शेयर बाजार के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशक (एफआईआई) गुरुवार को बिकवाली के पक्ष में रहे और उन्होंने शुद्ध रूप से 2,789.91 करोड़ रुपये के शेयर बेचे. यह दर्शाता है कि कुछ निवेशक मुनाफावसूली की रणनीति अपना रहे हैं, जिससे बाजार में अस्थायी दबाव बना. इसके बावजूद, अमेरिकी दौरे से मिले सकारात्मक संकेतों और दीर्घकालिक निवेश संभावनाओं के चलते भारतीय बाजार में मजबूती बनी हुई है. आने वाले दिनों में वैश्विक कारकों के प्रभाव और निवेशकों की धारणा को देखते हुए बाजार में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है.
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