भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (CCI) ने टाटा ग्रुप के विमानन कंपनी एअर इंडिया और विस्तारा के विलय को स्वीकृति दे दी है, हालांकि इस स्वीकृति पर कुछ शर्तें लगी हैं. विस्तारा के मर्जर के बाद, अब एअर इंडिया देश की दूसरी सबसे बड़ी डोमेस्टिक एयरलाइन और सबसे बड़ी इंटरनेशनल एयरलाइन बन गई है.
टाटा ग्रुप को उसके एयरलाइन कारोबार को बढ़ाने की दिशा में इसे बड़ा कदम माना जा रहा है. बता दें कि विस्तार एयरलाइन Tata SIA Airlines के नाम से भी जाना जाता है, क्योंकि यह टाटा संस और सिंगापुर एयरलाइन की ज्वाइंट वेंचर है.
Also Read: Ex-President to Lead ‘One Nation, One Election’ Panel Formed by Centre

सीसीआई ने सोशल नेटवर्किंग प्लेटफॉर्म एक्स पर शुक्रवार को बताया कि उसने विलय को मंजूरी दे दी है. उसने कहा, “सीसीआई ने टाटा एसआईए एयरलाइंस के एअर इंडिया में विलय को और पार्टियों द्वारा प्रस्तावित स्वैच्छिक प्रतिबद्धताओं के अनुपालन के अधीन एअर इंडिया में सिंगापुर एयरलाइंस द्वारा कुछ शेयरों के अधिग्रहण को मंजूरी दे दी है.”
Also Read: Ex-President to Lead ‘One Nation, One Election’ Panel Formed by Centre
विस्तारा में सिंगापुर एयरलाइंस की 49 फीसदी हिस्सेदारी
विस्तारा और एअर इंडिया दो पूर्ण-सेवा वाली एयरलाइंस हैं, जो टाटा ग्रुप के हिस्से हैं. विस्तारा में सिंगापुर एयरलाइंस की 49 प्रतिशत हिस्सेदारी है. पिछले साल नवंबर में, टाटा ग्रुप ने एक सौदे के तहत एयर इंडिया के साथ विस्तार के मर्जर की घोषणा की, जिसमें सिंगापुर एयरलाइंस एअर इंडिया में 25.1 प्रतिशत हिस्सेदारी प्राप्त करेगी.
Also Read: जेट एयरवेज के मालिक नरेश गोयल मनी लॉन्ड्रिंग मामले में गिरफ्तार


More Stories
Rajdhani Express Delayed Near Mumbai Due to Heavy Rain, Passengers Face Long Wait
हिमाचल के लाहौल-स्पीति में बड़ा हादसा: वाहन पर गिरी चट्टान, एक की मौत; 13 लोग मलबे में दबे, रेस्क्यू जारी
Jai Kisan Sangathan Leader Suspends Hunger Strike After MP Govt Agrees to Fresh Rehabilitation Survey