October 3, 2026

Central Times

Most Trusted News on the go

जुर्माना

गोल्ड स्मगलिंग केस में रान्या राव पर शिकंजा, 89 करोड़ रुपये की जुर्माना

कन्नड़ अभिनेत्री रान्या राव पर सोने की तस्करी मामले में बड़ी कार्रवाई हुई। कस्टम्स विभाग ने उन पर 89 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया। विभाग ने दुबई से भारत में कथित सोना तस्करी की जांच की। इस मामले में कस्टम्स ने चार आरोपियों पर कार्रवाई की। सभी आरोपियों पर कुल 244 करोड़ रुपये से अधिक जुर्माना लगाया। कस्टम्स के ज्वाइंट डायरेक्टर संदीप ने कार्रवाई का आदेश जारी किया। विभाग ने कथित तस्करी नेटवर्क की जांच के बाद यह फैसला लिया।

Also Read : मां ने जुड़वा बेटियों की हत्या की फिर खुदकुशी की कोशिश; FIR दर्ज

चार आरोपियों पर लगा भारी जुर्माना

कस्टम्स ने रान्या राव पर 89 करोड़ रुपये की पेनल्टी लगाई। वहीं, तरुण कोंडुरु राजू पर 49.51 करोड़ रुपये का जुर्माना लगा। साहिल जैन और भरत कुमार जैन पर 53.06 करोड़ रुपये लगाए गए। यह मामला 3 मार्च 2025 को सामने आया था। DRI अधिकारियों ने रान्या राव को केम्पेगौड़ा अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे पर रोका था। अधिकारियों ने उनके पास से 14.213 किलोग्राम विदेशी सोना बरामद किया। बरामद सोने की कीमत करीब 12.56 करोड़ रुपये बताई गई थी।

जांच के दौरान ED ने रान्या राव के घर की तलाशी ली थी। अधिकारियों ने वहां 2.67 करोड़ रुपये की बेहिसाब नकदी बरामद की। जांच टीम ने 2.06 करोड़ रुपये के सोने के गहने भी जब्त किए। इसके बाद अधिकारियों ने कथित तस्करी गतिविधियों की जांच आगे बढ़ाई। जांच में मार्च 2024 से फरवरी 2025 तक की अवधि शामिल रही। जांचकर्ताओं ने रान्या और उनके सहयोगियों पर गंभीर आरोप लगाए। उनके मुताबिक, आरोपियों ने इस अवधि में करीब 113 किलो सोना भारत पहुंचाया।

Also Read : मंदसौर में एटीएम काटकर बदमाशों ने उड़ाए 6 लाख रुपये, वारदात के घंटों बाद बैंक को हुई जानकारी

पहले भी जारी हुआ था जुर्माने का नोटिस

कस्टम्स की ताजा कार्रवाई सितंबर 2025 की कार्रवाई के बाद हुई। उस समय DRI ने रान्या और अन्य आरोपियों को नोटिस भेजे थे। DRI ने कथित तस्करी के लिए रान्या पर 102 करोड़ रुपये मांगे थे। अधिकारियों ने मामले में जांच और कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ाई। रान्या राव को 3 मार्च 2025 को गिरफ्तार किया गया था। बाद में उन्हें कस्टम्स से जुड़े मामले में कानूनी जमानत मिली। हालांकि, केंद्र सरकार ने उन पर COFEPOSA लागू किया।

COFEPOSA के तहत रान्या राव को एहतियाती हिरासत में रखा गया। इस कानून का इस्तेमाल तस्करी रोकने के लिए किया जाता है। मामले में कस्टम्स और अन्य एजेंसियां अलग-अलग पहलुओं की जांच कर रही हैं। जांच एजेंसियां कथित नेटवर्क और वित्तीय लेनदेन की भी पड़ताल कर रही हैं। ताजा जुर्माने के बाद मामले की कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। संबंधित पक्षों को विभागीय आदेश के खिलाफ उपलब्ध कानूनी विकल्प मिलेंगे। मामले से जुड़े अंतिम निष्कर्ष आगे की कार्रवाई के बाद स्पष्ट होंगे।

Also Read : मां ने जुड़वा बेटियों की हत्या की फिर खुदकुशी की कोशिश; FIR दर्ज